बसारिकपुर स्कूल में बच्चों की पढ़ाई परखी
औचक निरीक्षण की शुरुआत प्राथमिक विद्यालय बसारिकपुर से हुई। जिलाधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी ने अलग-अलग कक्षाओं में पहुंचकर बच्चों के शैक्षणिक स्तर की जानकारी ली। अधिकारियों ने शिक्षण कार्य और विद्यालय में उपलब्ध व्यवस्थाओं का भी अवलोकन किया।
विद्यालय परिसर में संचालित को-लोकेटेड आंगनवाड़ी केंद्र का भी निरीक्षण किया गया। यहां संचालित गतिविधियों और विभागीय योजनाओं की स्थिति के बारे में जानकारी ली गई। अधिकारियों ने व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
खगवल में बच्चों से पढ़वाई अंग्रेजी की किताब
इसके बाद अधिकारी कंपोजिट विद्यालय खगवल पहुंचे। जिलाधिकारी ने कक्षाओं में जाकर विद्यार्थियों से सीधे बातचीत की और पढ़ाई से जुड़े सवाल पूछे। कक्षा छह के विद्यार्थियों की शैक्षणिक समझ परखने के लिए उनसे अंग्रेजी की पुस्तक पढ़वाई गई। इसके साथ ही किताब में दिए गए विभिन्न शब्दों के अर्थ भी पूछे गए।
इस दौरान अधिकारियों ने बच्चों की पढ़ाई के स्तर और कक्षा में शिक्षण व्यवस्था को नजदीक से देखा। निरीक्षण का उद्देश्य विद्यालय में चल रहे शिक्षण कार्य और विद्यार्थियों की सीखने की स्थिति का जायजा लेना रहा।
डीएम ने खुद चखा मध्याह्न भोजन
कंपोजिट विद्यालय खगवल में मध्याह्न भोजन की व्यवस्था भी जांची गई। जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने स्वयं बच्चों को परोसे जाने वाले भोजन को चखकर उसकी गुणवत्ता और स्वाद का जायजा लिया। भोजन की स्वच्छता और गुणवत्ता संतोषजनक मिलने पर उन्होंने संतुष्टि व्यक्त की।
इसके बाद विद्यालय की अन्य कक्षाओं, परिसर और उपलब्ध व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया गया। अधिकारियों ने विद्यालय संचालन से जुड़े बिंदुओं पर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।
गेस्ट हाउस के नवनिर्मित भवन का लिया जायजा
विद्यालयों के निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी ने गेस्ट हाउस बर्थरा खुर्द का रुख किया। यहां नवनिर्मित भवन का मौके पर निरीक्षण कर उपलब्ध सुविधाओं और निर्माण से संबंधित व्यवस्थाओं को देखा गया।
अधिकारियों ने भवन में आवश्यक सुधार कराते हुए कार्य को जल्द पूरा करने और इसके बाद संबंधित विभाग को हैंडओवर करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने व्यवस्थाओं को उपयोग के अनुकूल बनाने पर जोर दिया।
इस मौके पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, खंड शिक्षा अधिकारी सकलडीहा समेत संबंधित विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।