चंदौली जिले की सैयदराजा थाना पुलिस ने एक बार फिर अपनी फुर्तीली कार्रवाई से इलाके में गौतस्करों की कमर तोड़ दी। 23 अप्रैल 2026 को दोपहर 11:45 बजे मुखबिर की गुप्त सूचना पर NH-19 हाईवे पर ग्राम जेठमलपुर के पास काले पीर बाबा मजार से महज 100 मीटर पूर्व सफेद महिंद्रा पिकअप (UP62T9895) को घेराबंदी कर रोका गया। तलाशी में 7 सांड (6 जीवित, 1 मृत) बंधे हुए मिले, साथ ही एक खतरनाक चापड़—जिसे तस्कर पशुओं को चुपचाप ले जाने और क्रूरता से मारने के लिए इस्तेमाल करते हैं। सभी गोवंश को तत्काल मुक्त कर सुरक्षित जगह भेज दिया गया।
शातिर तस्कर दबोचा: आपराधिक इतिहास से पर्दाफाश की उम्मीद
पिकअप में सवार आरोपी जसीम अहमद (उम्र 34 वर्ष, पुत्र मो. अकील, निवासी चक फतेह अली शाह, थाना कोतवाली देहात, प्रतापगढ़) को मौके पर दबोच लिया गया। यह गौतस्करी का कुख्यात खिलाड़ी है, जिसके खिलाफ जनपद डीसीआरबी शाखा अब गहन जांच में जुट गई है। जसीम का आपराधिक बैकग्राउंड खंगालते ही बड़े नेटवर्क का खुलासा हो सकता है, जो चंदौली से बिहार की ओर तस्करी का हब है। थाना सैयदराजा में मुकदमा संख्या 119/26 दर्ज।
गंभीर धाराएं: 3/5ए/5बी/8 गोवध निवारण अधिनियम, 11 पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, 109/325 बीएनएस, 4/25 आर्म्स एक्ट। आरोपी को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया—तस्करों को कड़ा संदेश।
हीरो बने पुलिसकर्मी: फुर्ती से तोड़ी तस्करों की हिम्मत
इस ड्रामा जैसी कार्रवाई में सैयदराजा थाना टीम ने कमाल दिखाया। इन बहादुरों ने रातों की नींद हराम कर तस्करों की साजिश को चकनाचूर कर दिया। थानाध्यक्ष अशोक कुमार मिश्र पूरे ऑपरेशन का मजबूत नेतृत्व किए।
उ.नि. धर्मदेव प्रसाद तलाशी का बारीकी से निरीक्षण किया। हे.का. नसीरुद्दीन और मो. हुमायूं: मौके पर चुस्त तैनाती।
का. शंकर प्रसाद: सक्रिय सहयोग।चालक हे.का. विरेश कुमार बिजली की स्पीड से पहुंच। चापड़ जैसा हथियार बरामद होना तस्करों की क्रूरता का जीता-जागता सबूत है—यह पशुओं को बिना आवाज उठाए कुचलने का शातिर तरीका है!
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