Hot Posts

6/recent/ticker-posts

चंदौली: शहीदगांव में मंडलीय तीरंदाजी प्रतियोगिता, गाजीपुर बना ओवरऑल चैंपियन

आशीष विद्यार्थी ने कहा—तीरंदाजी केवल खेल नहीं, एकाग्रता, अनुशासन और लक्ष्य साधने का जीवन पाठ है।

धानापुर, चंदौली। अमर शहीद विद्या मंदिर इंटर कॉलेज, शहीदगांव में बुधवार को जिला विद्यालय निरीक्षक धर्मेंद्र कुमार के निर्देशन में मंडल स्तरीय माध्यमिक विद्यालय तीरंदाजी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में चंदौली, वाराणसी और गाजीपुर जनपद के विद्यालयों से आए खिलाड़ियों ने प्रतिभाग कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन करते हुए गाजीपुर की टीम ओवरऑल चैंपियन बनी। जिसमें यश मौर्य (रिकर्व)प्रथम , आदिति सिंह (इण्डिया राउंड) प्रथम, ख़ुशी कुशवाहा (कम्पाउन्ड) प्रथम, जूनियर वर्ग में ज्योति (इण्डिया राउंड) प्रथम सब जूनियर वर्ग में खुशी प्रथम रहीं

प्रतियोगिता का शुभारंभ विद्यालय के प्रबंधक आशीष विद्यार्थी ने दीप प्रज्वलित कर तथा तीर चलाकर किया। इस दौरान उन्होंने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि खेल विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास का महत्वपूर्ण माध्यम है। तीरंदाजी जैसे खेल खिलाड़ियों में एकाग्रता, आत्मविश्वास, अनुशासन और लक्ष्य के प्रति समर्पण की भावना विकसित करते हैं।

आशीष विद्यार्थी ने कहा कि तीरंदाजी केवल एक खेल नहीं, बल्कि जीवन का पाठ है। इसमें एकाग्रता, अनुशासन और लक्ष्य को एक साथ साधना पड़ता है। खेल में जीत और हार दोनों ही उसका हिस्सा हैं, लेकिन तीरंदाजी यह सिखाती है कि हर बार तीर छूटने के बाद दोबारा धनुष तानना है। उन्होंने कहा कि जीवन में असफलता मिलने के बाद भी व्यक्ति को हार नहीं माननी चाहिए और नए उत्साह के साथ अपने लक्ष्य की ओर बढ़ते रहना चाहिए।

मंडलीय प्रतियोगिता में चंदौली, वाराणसी और गाजीपुर के खिलाड़ियों ने विभिन्न वर्गों में प्रतिभाग किया। खिलाड़ियों ने पूरे उत्साह और अनुशासन के साथ लक्ष्य पर निशाना साधते हुए अपने कौशल का प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों के प्रदर्शन को देखने के लिए विद्यालय परिसर में खेल प्रेमियों और शिक्षकों की मौजूदगी रही। प्रतियोगिता में बेहतर प्रदर्शन के आधार पर गाजीपुर की टीम ने ओवरऑल चैंपियन का खिताब अपने नाम किया।

विद्यालय के प्रधानाचार्य मोती लाल ने प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने वाले सभी तीरंदाजों और उनके प्रशिक्षकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की प्रतियोगिताएं ग्रामीण और कस्बाई क्षेत्रों में छिपी खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण मंच प्रदान करती हैं। उन्होंने खिलाड़ियों को भविष्य में भी बेहतर प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं दीं।

प्रतियोगिता का आयोजन विद्यालय के व्यायाम शिक्षक हरीश श्रीवास्तव की देखरेख में संपन्न हुआ। उन्होंने प्रतियोगिता की व्यवस्थाओं और खिलाड़ियों के अनुशासन पर विशेष ध्यान दिया। कार्यक्रम का संचालन अमरेन्द्र सिंह ने किया।

इस अवसर पर जनपदीय खेल सचिव अरुण कुमार, भरत सिंह, उपेंद्र सिंह, राकेश राय, इंद्रजीत पटेल, मनोज सिंह, अजित सिंह, मेजर लाल बिहारी प्रसाद, संतोष कुमार, आशुतोष सिंह, रामप्रकाश सिंह, रमाशंकर तिवारी, दुर्गेश सिंह, संतोष कुशवाहा, रवि कुमार, रामकेश और प्रेम नाथ राय सहित अन्य शिक्षक, खेल अधिकारी एवं गणमान्य लोग मौजूद रहे।

प्रतियोगिता के समापन पर खिलाड़ियों और उनके प्रशिक्षकों में उत्साह देखने को मिला। आयोजकों ने कहा कि विद्यालय स्तर पर खेल प्रतिभाओं को उचित मंच और संसाधन उपलब्ध कराकर उन्हें मंडल, प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने का प्रयास जारी रहना चाहिए।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ