जातिसूचक शब्द बोलकर अपमानित करने व मारपीट के मामले में चार पर मुकदमा दर्ज करने का आदेश

वाराणसी। घर में घुसकर मारपीट व जातिसूचक शब्द (गाली-गलौज) देकर अपमानित करने के मामले में अदालत ने चार लोगो के खिलाफ थानाध्यक्ष सिगरा को मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है। यह आदेश चन्दुआ छित्तूपुर थाना सिगरा निवासी शिव कुमार सोनकर के प्रार्थना पत्र पर सुनवाई करते विशेष न्यायाधीश (एससी-एसटी एक्ट), अनिल कुमार की अदालत ने दिया है। 

प्रकरण के अनुसार वादी शिवकुमार सोनकर ने अपने अधिवक्ता नागेश्वर प्रसाद (आकाश) के जरिये अदालत में बीएनएनएस की धारा 175(3) के तहत प्रार्थना पत्र दिया था। आरोप है कि उसके पड़ोस के रहने वाले मूलचन्द यादव, रितेश यादव, मिथिलेश यादव एवं मुकेश यादव 21 अगस्त 2024 को शाम 6 बजे घर के सामने अपशिष्ट तवा गोबर, मूत्र जानबूझकर इकठ्ठा करने से रोकने पर कि घर के सामने गंदगी मत फैलाईये इतना कहने पर ही सभी विपक्षीगण घर से बाहर निकल कर उसको जातिसूचक शब्द गालियाँ देते हुए एक राय होकर मारने-पीटने लगे।

 इस घटना की जानकारी जब उसने अपने घर वालों को दिया तो उसके घर वाले जाकर उनलोगों से पूछे कि शिव कुमार सोनकर को क्यो मारे हो तो इतने में आग बबूला हो कर जातिसूचक शब्द बोलकर अपमानित करते हुए मारने-पीटने लगे। वह लोग अपनी जान बचाकर घर भागे तो विपक्षीगण दौड़ाते व ललकारने हुए उसके घर में घुसकर रखे सामान को तोड़ - फोड़ करते हुए धमकी देने लगे कि तुम लोगों की इतनी औकात है कि हमलोगों से शिकायत करोगे। 

अगर दुबारा शिकायत किये तो यही पर जिंदा दफन कर देगे। शोर मचाने पर उसकी पत्नी बच्चे बचाने आयो तो उनको भी मारे - पीटे। साथ ही पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी देते हुए भाग गये। इसकी शिकायत पुलिस से करने पर जब कोई कार्यवाही नहीं हुई तो उसने अदालत की शरण ली।