चंदौली। जमीन हड़पने की नीयत से फर्जी हस्ताक्षर और निशानी अंगूठा लगाकर कूटरचित दस्तावेज तैयार करने के मामले में धानापुर पुलिस ने वांछित चल रहे एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी ने पूछताछ के दौरान कथित तौर पर स्वीकार किया कि उसने ही जमीन पर कब्जा करने की नीयत से महिला के नाम से फर्जी दस्तावेज तैयार किए थे। गिरफ्तार आरोपी की पहचान परदेशी बिन्द पुत्र स्वर्गीय रामकुंवर बिन्द, निवासी ग्राम पगही नरहरपुर, थाना धानापुर, जनपद चंदौली के रूप में हुई है।
पुलिस के मुताबिक ग्राम पगही निवासी श्रीमती दुलेसरी देवी पत्नी स्वर्गीय शिवाजी की जमीन से जुड़ा यह मामला सामने आया था। आरोप है कि परदेशी बिन्द ने जमीन को हड़पने की नीयत से दुलेसरी देवी के फर्जी हस्ताक्षर और निशानी अंगूठे का इस्तेमाल करते हुए कूटरचित दस्तावेज तैयार किए। मामले की जानकारी होने के बाद पीड़िता ने इसकी शिकायत थाना धानापुर पुलिस से की थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
पीड़िता की तहरीर के आधार पर थाना धानापुर में मुकदमा अपराध संख्या 37/2026 दर्ज किया गया। पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 319(2), 318(4), 338, 336(3) और 351(3) के तहत मुकदमा पंजीकृत किया। मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस टीम ने मामले की विवेचना शुरू की। विवेचना के दौरान पुलिस को आरोपी के विरुद्ध कूटरचित दस्तावेज तैयार करने और कथित धोखाधड़ी से संबंधित पर्याप्त साक्ष्य मिलने का दावा किया गया।
विवेचना में सामने आए अहम तथ्य
पुलिस के अनुसार जांच के दौरान दस्तावेजों से जुड़े तथ्यों की पड़ताल की गई। शिकायतकर्ता द्वारा लगाए गए आरोपों के साथ ही उपलब्ध दस्तावेजों और अन्य साक्ष्यों की जांच की गई।विवेचना के दौरान आरोपी की भूमिका सामने आने के बाद उसे मुकदमे में वांछित किया गया था। पुलिस आरोपी की तलाश में लगातार संभावित स्थानों पर दबिश दे रही थी। इसी क्रम में उच्चाधिकारीगण के निर्देशन और प्रभारी निरीक्षक धानापुर सूर्य प्रकाश मिश्रा के कुशल नेतृत्व में पुलिस टीम आरोपी की तलाश में जुटी थी। इसी दौरान पुलिस को मुखबिर के माध्यम से आरोपी के संबंध में महत्वपूर्ण सूचना मिली। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने घेराबंदी करते हुए अमादपुर घाट के पास से परदेशी बिन्द को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस का कहना है कि आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज होने के बाद से उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे थे। मुखबिर की सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने तत्काल कार्रवाई की और आरोपी को मौके से पकड़ लिया। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी से मामले के संबंध में पूछताछ की।
पूछताछ में फर्जी दस्तावेज तैयार करने की बात बताने का दावा
पुलिस के अनुसार पूछताछ के दौरान आरोपी परदेशी बिन्द ने बताया कि उसने ही दुलेसरी देवी के नाम से फर्जी दस्तावेज तैयार किए थे। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने कथित तौर पर जमीन पर कब्जा करने की नीयत से दस्तावेजों में फर्जी हस्ताक्षर और निशानी अंगूठे का इस्तेमाल किया था।पुलिस अब मामले में सामने आए सभी तथ्यों और दस्तावेजों की जांच के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई कर रही है। जमीन से जुड़े मामलों में कूटरचित दस्तावेज तैयार करने के आरोपों को पुलिस ने गंभीरता से लिया है। मामले की विवेचना के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
पहले से भी दर्ज हैं कई मुकदमे
पुलिस द्वारा उपलब्ध कराए गए आपराधिक इतिहास के अनुसार गिरफ्तार आरोपी परदेशी बिन्द के खिलाफ पहले से भी कई मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक वर्ष 2020 में उसके खिलाफ थाना धानापुर में मु.अ.सं. 0057/2020 के तहत धारा 60 आबकारी एक्ट में मामला दर्ज हुआ था। इसके अलावा वर्ष 2025 में थाना धानापुर में मु.अ.सं. 0037/2025 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 115(2), 117(2), 191(2), 351(3), 352 और 76 के अंतर्गत मुकदमा दर्ज किया गया था। वर्ष 2026 में भी उसके खिलाफ थाना धानापुर में मु.अ.सं. 0031/2026 के तहत धारा 115(2), 351(3) और 352 BNS में मामला दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है।
इसके साथ ही वर्तमान मामला मु.अ.सं. 0037/2026 है, जिसमें धारा 319(2), 318(4), 338, 336(3) और 351(3) BNS के तहत कार्रवाई की जा रही है। पुलिस द्वारा आरोपी के आपराधिक इतिहास को भी विवेचना और आगे की कानूनी कार्रवाई में शामिल किया जा रहा है।
जमीन संबंधी दस्तावेजों में फर्जीवाड़े पर पुलिस की नजर
जमीन से संबंधित दस्तावेजों में फर्जी हस्ताक्षर, अंगूठे के निशान अथवा कूटरचित कागजात तैयार कर संपत्ति पर कब्जा करने की कोशिश के मामले अक्सर विवाद का कारण बनते हैं। ऐसे मामलों में दस्तावेजों की सत्यता और संबंधित पक्षों के अधिकारों की जांच महत्वपूर्ण होती है। धानापुर पुलिस की इस कार्रवाई को भी इसी तरह के कथित दस्तावेजी फर्जीवाड़े के मामले में की गई कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है।पुलिस का कहना है कि मामले में उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर विधिक प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ के बाद पुलिस मामले से जुड़े अन्य तथ्यों की भी जांच कर सकती है। यदि दस्तावेज तैयार करने, इस्तेमाल करने या मामले में अन्य लोगों की भूमिका से संबंधित कोई तथ्य सामने आता है तो उसके आधार पर भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
मुखबिर की सूचना पर हुई गिरफ्तारी
प्रभारी निरीक्षक सूर्य प्रकाश मिश्र के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई की।अमादपुर घाट के पास से आरोपी की गिरफ्तारी की गई। पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक सूर्य प्रकाश मिश्र, चौकी प्रभारी नगवां उपनिरीक्षक संजय कुमार ओझा, हेड कांस्टेबल राजेश कुमार यादव, कांस्टेबल प्रवीण त्रिपाठी और कांस्टेबल प्रांजुल द्विवेदी शामिल रहे।पुलिस अधिकारियों के अनुसार अपराध और वांछित अभियुक्तों के खिलाफ अभियान के तहत लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में धोखाधड़ी और कूटरचित दस्तावेज तैयार करने के मामले में वांछित आरोपी को गिरफ्तार किया गया।
इन पुलिसकर्मियों की रही भूमिका
गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक सूर्य प्रकाश मिश्र के साथ नगवां चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक संजय कुमार ओझा, हेड कांस्टेबल राजेश कुमार यादव, कांस्टेबल प्रवीण त्रिपाठी और कांस्टेबल प्रांजुल द्विवेदी शामिल रहे। टीम ने मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपी को अमादपुर घाट के पास से गिरफ्तार किया।
धानापुर पुलिस की इस कार्रवाई के बाद जमीन संबंधी कथित फर्जीवाड़े के मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पुलिस द्वारा मामले में उपलब्ध दस्तावेजों और साक्ष्यों के आधार पर विवेचना को आगे बढ़ाया जा रहा है। आरोपी के खिलाफ दर्ज मुकदमे और उसके पूर्व आपराधिक इतिहास को देखते हुए पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
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