गोमतीनगर में ICICI बैंक के बाहर वारदात, पति पर हत्या का आरोप; बाद में बहन को गोली मारने के बाद आरोपी ने की आत्महत्या, सीसीटीवी और डिजिटल साक्ष्यों की जांच में जुटी पुलिस
लखनऊ। राजधानी लखनऊ के गोमतीनगर क्षेत्र में गुरुवार को ICICI बैंक की रिलेशनशिप मैनेजर दिव्या मिश्रा की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या किए जाने से सनसनी फैल गई। वारदात गोमतीनगर के विवेकखंड स्थित बैंक के बाहर हुई। दिव्या को गोली मारे जाने के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। गंभीर हालत में उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल की जांच शुरू की।
दिव्या मिश्रा पत्रकार और यूट्यूबर प्रज्ञा मिश्रा की बहन थीं। घटना की जानकारी सामने आने के बाद प्रज्ञा मिश्रा की सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए मामला तेजी से चर्चा में आया। पुलिस अब वारदात से जुड़े प्रत्येक पहलू की जांच कर रही है। घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के साथ डिजिटल साक्ष्यों को भी जांच के दायरे में लिया गया है। पुलिस का प्रयास है कि वारदात से पहले, घटना के दौरान और उसके बाद हुई गतिविधियों का पूरा क्रम सामने आ सके।
बैंक के बाहर बुलाकर मारी गोली
प्राप्त जानकारी के अनुसार दिव्या मिश्रा गोमतीनगर स्थित ICICI बैंक में रिलेशनशिप मैनेजर के पद पर कार्यरत थीं। गुरुवार को वह रोज की तरह अपने कार्यस्थल पर थीं। इसी दौरान उन्हें बैंक के बाहर बुलाया गया। रिपोर्टों के अनुसार बैंक के बाहर पहुंचे व्यक्ति ने दिव्या से बातचीत की और इसके बाद उन्हें गोली मार दी।
गोली चलने की आवाज से बैंक परिसर और आसपास के इलाके में हड़कंप मच गया। दिव्या गंभीर रूप से घायल होकर गिर पड़ीं। आसपास मौजूद लोगों और बैंक कर्मचारियों ने उन्हें तत्काल अस्पताल पहुंचाने का प्रयास किया। सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंची। चिकित्सकों ने जांच के बाद दिव्या को मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने घटनास्थल को सुरक्षित कर वहां से जरूरी साक्ष्य जुटाए। आसपास मौजूद लोगों से पूछताछ की गई और घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को कब्जे में लेकर उसकी जांच शुरू की गई। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी किस समय बैंक पहुंचा था और वारदात के बाद किस दिशा में गया।
पति पर हत्या का आरोप
प्रारंभिक जांच और सामने आई रिपोर्टों के अनुसार दिव्या मिश्रा की हत्या में उनके पति मानस वाजपेयी की भूमिका सामने आई है। बताया जा रहा है कि दोनों के बीच वैवाहिक विवाद चल रहा था और तलाक से संबंधित मामला भी अदालत में लंबित था। हालांकि हत्या की वास्तविक वजह क्या थी और वारदात के पीछे आरोपी का उद्देश्य क्या था, इसका अंतिम निष्कर्ष पुलिस की विस्तृत जांच के बाद ही सामने आएगा।
पुलिस के सामने अब यह महत्वपूर्ण सवाल है कि दिव्या को बैंक के बाहर बुलाने की योजना कब और किस तरह बनाई गई थी। इसके अलावा आरोपी और दिव्या के बीच वारदात से पहले कोई बातचीत हुई थी या नहीं, इस पहलू की भी जांच की जा रही है। मोबाइल फोन, कॉल डिटेल और अन्य डिजिटल साक्ष्यों से घटनाक्रम को समझने का प्रयास किया जा रहा है।
हत्या के बाद बहन को भी गोली मारी
दिव्या की हत्या के बाद घटनाक्रम और गंभीर हो गया। सामने आई जानकारी के अनुसार आरोपी अपने घर पहुंचा और वहां अपनी बहन को भी गोली मार दी। इसके बाद उसने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। इस पूरे घटनाक्रम की भी पुलिस जांच कर रही है।
पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि बैंक में दिव्या की हत्या करने के बाद आरोपी कहां-कहां गया और उसके बाद घर पहुंचने तक उसकी गतिविधियां क्या रहीं। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि आरोपी के पास हथियार कहां से आया और वारदात में इस्तेमाल हथियार का लाइसेंस था या नहीं। इन सवालों के जवाब जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होंगे।
सीसीटीवी फुटेज से जोड़ी जा रही कड़ियां
मामले की जांच में सीसीटीवी फुटेज को अहम माना जा रहा है। पुलिस बैंक के आसपास लगे कैमरों के अलावा उन रास्तों की फुटेज भी खंगाल रही है, जहां से आरोपी के आने-जाने की संभावना है। फुटेज के आधार पर पुलिस आरोपी की गतिविधियों का समयवार क्रम तैयार करने में जुटी है।
जांच अधिकारी यह भी देख रहे हैं कि वारदात के समय बैंक के बाहर कौन-कौन लोग मौजूद थे। प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ कर आरोपी की पहचान और उसकी गतिविधियों से संबंधित जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि सीसीटीवी फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान से घटना के कई महत्वपूर्ण पहलू स्पष्ट हो सकते हैं।
डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच
पुलिस केवल घटनास्थल के भौतिक साक्ष्यों तक सीमित नहीं है। घटना से जुड़े डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है। दिव्या और आरोपी के मोबाइल फोन से संबंधित जानकारी, कॉल रिकॉर्ड, संदेश और अन्य उपलब्ध डिजिटल सामग्री की जांच से वारदात से पहले की परिस्थितियों को समझने में मदद मिल सकती है।
घटना के बाद सोशल मीडिया पर भी कई तरह के दावे सामने आए हैं। इनमें पारिवारिक विवाद और कथित सोशल मीडिया गतिविधियों से संबंधित अलग-अलग बातें कही जा रही हैं। पुलिस ऐसे सभी दावों की स्वतंत्र रूप से जांच कर रही है। किसी सोशल मीडिया पोस्ट या दावे को आधिकारिक पुष्टि के बिना अंतिम तथ्य मानना उचित नहीं होगा।
पत्रकार प्रज्ञा मिश्रा की बहन थीं दिव्या
दिव्या मिश्रा पत्रकार और यूट्यूबर प्रज्ञा मिश्रा की बहन थीं। घटना की जानकारी मिलने के बाद प्रज्ञा मिश्रा की शुरुआती सोशल मीडिया पोस्ट के सामने आने से मामला सार्वजनिक चर्चा में आया। इसके बाद घटना को लेकर लोगों की नजर जांच की दिशा और सामने आ रहे तथ्यों पर टिक गई।
दिव्या के परिवार में घटना के बाद शोक का माहौल है। एक ओर परिवार के सामने दिव्या की हत्या का दुख है तो दूसरी ओर पुलिस के सामने वारदात की वास्तविक वजह और घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने की चुनौती है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि पति-पत्नी के बीच विवाद की प्रकृति क्या थी और क्या इस विवाद का घटना से सीधा संबंध था।
जांच पूरी होने के बाद सामने आएगी वजह
फिलहाल पुलिस मामले के प्रत्येक पहलू की जांच कर रही है। दिव्या की हत्या, आरोपी की बाद की गतिविधियां, उसकी बहन को गोली मारे जाने और फिर आत्महत्या किए जाने की घटनाओं को जोड़कर पूरे घटनाक्रम की तस्वीर तैयार की जा रही है।
पुलिस के लिए सबसे महत्वपूर्ण बिंदु हत्या की वास्तविक वजह, वारदात की पूर्व योजना, आरोपी की मानसिक स्थिति, हथियार की उपलब्धता और घटना से पहले दोनों पक्षों के बीच हुई बातचीत हैं। सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल और डिजिटल साक्ष्यों, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान तथा अन्य जांच सामग्री के आधार पर इन सवालों के जवाब तलाशे जा रहे हैं।
गोमतीनगर में बैंक अधिकारी दिव्या मिश्रा की हत्या ने राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए हैं। दिनदहाड़े बैंक के बाहर हुई इस वारदात के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी है। हालांकि घटना से जुड़े कई तथ्य सामने आ चुके हैं, लेकिन हत्या की पूरी वजह और वारदात की पृष्ठभूमि को लेकर अंतिम तस्वीर पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।