तहसील प्रशासन एक बार फिर करजरा जैसी घटना करने पर आमादा-माले

चंदौली, भाकपा माले के सात सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल का नेतृत्व करते हुए राज्य स्थाई समिति सदस्य सह चंदौली जिला सचिव कॉमरेड अनिल पासवान ने सकलडीहा एसडीएम अनुपम मिश्र से मिलकर ज्ञापन सौंपते हुए भूमि स्वामी जयप्रकाश कुशवाहा का मकान बनवाने की मांग की. वहीं मकान नहीं बनवाने पर आन्दोलन की चेतावनी दी और कहा किइसकी जिम्मेदारी तहसील प्रशासन की होगी.

उन्होंने कहा कि तहसील प्रशासन के लापरवाह अधिकारी जगन्नाथपुर मौजा के भूमि स्वामी जयप्रकाश कुशवाहा के साथ करजरा जैसी घटना कारित करने पर आमादा कर रहे हैं. तहसील कर्मचारियों की लापरवाही की वजह से जमीन का विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है. 

आए दिन अपनी समस्याओं को लेकर फरियादी तहसील का चक्कर लगा रहे फरियादियों से धनउगाही करना आम बात हो गई है. जगन्नाथपुर मौजा के भूमि स्वामी से भी विवाद हल करने के नाम पर धनउगाही की गई. सभी कागज तैयार हो जाने के बावजूद भूमि स्वामी को अराजक तत्वों से विवाद करने के लिए छोड़ दिया गया.

सकलडीहा तहसील के ग्राम सभा रानेपुर के जगरनाथपुर मौजा कि आराजी नंबर 32/1 रकबा 0.340 हेक्टर संक्रमणीय भूमिधर जयप्रकाश कुशवाहा पुत्र मोती कुशवाहा वगैरह की जमीन का सकलडीहा तहसील प्रशासन धारा 24 में मुकदमा चलाते हुए निर्णय सुनाया. जिसकी फील्ड बुक भी तहसील ने तैयार कराई व मौके पर तीन-तीन बार पैमाइश की गई.

मौके पर नायब तहसीलदार भी मौजूद रहे कानूनगो लेखपाल के द्वारा 30 अक्टूबर को भूमिधर स्वामी को अपना घर बनाने के लिए कहा गया. घर बनाने की पूरी तैयारी कर मौके पर मिस्त्री और लेबर जब गए तो अराजक तत्वों द्वारा काम को रोक दिया गया.

भूमि के मालिक ने जब कानूनगो को फोन कर कहा कि विवाद होने पर आप मौके पर आने की बात कहे थे आप आइए काम रोक दिया गया. परंतु लेखपाल और कानूनगो मौके पर उपस्थित नहीं हुए. भूमिधर स्वामी समझदारी से काम नहीं लेते तो मौके पर बड़ा विवाद हो सकता था और एक बड़ी घटना घट सकती थी.

प्रतिनिधिमंडल में भाकपा(माले) जिला सचिव कामरेड अनिल पासवान, राज्य कमेटी सदस्य कामरेड शशिकांत सिंह, जिला कमेटी सदस्य कामरेड रमेश राय, कामरेड श्रवण कुशवाहा, कामरेड उमानाथ चौहान, कामरेड श्यामदेई, कामरेड कृष्णा राय मौजूद रहे.