बजट में शिक्षा, रोजगार और युवाओं के भविष्य की संभावनाएं नजरंदाज करने की कोशिश की गई है।
बजट 2026। बजट खोखले नारे की तरह है। आम आदमी की आय बढ़ने का दावा दिवास्वप्न जैसा है। इस बजट में खाने कमाने वाले और मध्यम वर्ग के लिए रोजमर्रा की जिंदगी का दुःख यथावत रहेगा। युद्ध के नाम पर बना बजट दुश्मन देश को कम भारत के नागरिकों को ज्यादा डराने वाला है। बजट में शिक्षा, रोजगार और युवाओं के भविष्य की संभावनाएं नजरंदाज करने की कोशिश की गई है। बुद्ध की बात करने वाला देश युद्ध की बात करने लगा है। यह सरकार की कमजोरी का प्रतीक है।
पूर्व वरिष्ठ राज भाषा अधिकारी भारतीय रेल: दिनेश चन्द्र
0 टिप्पणियाँ